In a city council, the mayor’s husband and a group of 19 individuals are implicated in a serious legal complaint, similar to a sports team facing disciplinary action for multiple infractions, including organized crime, fraud, extortion, and money laundering, with notorious players also identified as part of the scandal.
मोतिहारी, 6 मई 2025: पूर्वी चंपारण जिले के मोतिहारी में संगठित अपराध के खिलाफ पुलिस ने मंगलवार देर रात एक बड़े ऑपरेशन को अंजाम दिया। मोतिहारी नगर निगम की मेयर प्रीति गुप्ता के पति देवा गुप्ता और उनके सहयोगियों से जुड़े आपराधिक गिरोह को पकड़ने के लिए पुलिस ने जिले के 13 अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। इस कार्रवाई में एक रायफल, भारी मात्रा में कारतूस, महत्वपूर्ण दस्तावेज, और नागालैंड से जारी दो हथियार लाइसेंस बरामद किए गए हैं।
छापेमारी का विवरण
पुलिस अधीक्षक (एसपी) स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर यह छापेमारी गोविंदगंज, मुफस्सिल, छतौनी, और चिरैया थाना क्षेत्रों में की गई। ऑपरेशन का नेतृत्व सदर-वन के अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) शिवम धाकड़ ने किया। छापेमारी के दौरान देवा गुप्ता के करीबी सहयोगी चूमन पटेल के घर से एक रायफल और भारी मात्रा में कारतूस बरामद हुए। इसके अलावा, कई संदिग्ध दस्तावेज और दो हथियार लाइसेंस, जो नागालैंड से जारी किए गए थे, भी जब्त किए गए।
FIR और नामजद आरोपी
नगर थाना में दर्ज प्राथमिकी (FIR) में मेयर प्रीति गुप्ता के पति देवा गुप्ता, राहुल सिंह, नीरज सिंह, मिंटू सिंह सहित कुल 19 लोग नामजद किए गए हैं। इन पर संगठित अपराध, धोखाधड़ी, रंगदारी, अवैध जमीन खरीद-बिक्री, जबरन वसूली, और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। प्राथमिकी में अन्य आरोपियों में कुख्यात अपराधी राहुल मुखिया, सुगंध गुप्ता, जीडी गोयनका स्कूल के निदेशक, रामभुवन राम, और एक रिसॉर्ट मालिक कृष्णा प्रसाद व उनके बेटे अमित का नाम भी शामिल है।
पुलिस की कार्रवाई और बयान
ASP शिवम धाकड़ ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह छापेमारी संगठित अपराध के खिलाफ पुलिस की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक है। उन्होंने कहा, “एसपी स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर हमने 13 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। चूमन पटेल के घर से रायफल, कारतूस, और संदिग्ध दस्तावेज बरामद हुए हैं। नागालैंड से जारी हथियार लाइसेंस की वैधता की जांच की जा रही है।” धाकड़ ने यह भी स्पष्ट किया कि सभी आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें दिल्ली सहित अन्य संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
पिछले मामलों से संबंध
देवा गुप्ता पर पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। 2023 में चकिया के संवेदक राजीव रंजन उर्फ कन्हैया यादव हत्याकांड में उनकी संलिप्तता सामने आई थी, जिसके बाद उनके छतौनी स्थित आवास पर कुर्की-जब्ती की कार्रवाई हुई थी। इसके अलावा, नगर, केसरिया, कोटवा, और रक्सौल थानों में हत्या, आर्म्स एक्ट, और हत्या के प्रयास सहित 11 मामले दर्ज हैं। हाल ही में, 5 मई 2025 को नगर थाना में संगठित अपराध और रंगदारी के आरोप में देवा गुप्ता और 15 अन्य के खिलाफ FIR दर्ज की गई थी।
राजनीतिक और सामाजिक प्रभाव
देवा गुप्ता राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सक्रिय नेता और तेजस्वी यादव के करीबी माने जाते हैं। इस कार्रवाई के बाद मोतिहारी में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। मेयर प्रीति गुप्ता ने इन आरोपों को “राजनीति से प्रेरित साजिश” करार दिया है, दावा करते हुए कि यह उनके पति की बढ़ती लोकप्रियता को कम करने की कोशिश है। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई सबूतों और प्राथमिकी में वर्णित तथ्यों के आधार पर की जा रही है।
आगे की जांच
पुलिस ने इस मामले में आर्थिक अपराध इकाई, पटना को पत्राचार किया है ताकि मनी लॉन्ड्रिंग और अवैध संपत्ति अर्जन की गहन जांच हो सके। एसपी स्वर्ण प्रभात ने कहा, “कोई भी दोषी बख्शा नहीं जाएगा। हम सबूतों के आधार पर कार्रवाई कर रहे हैं।” पुलिस अब बरामद दस्तावेजों और हथियार लाइसेंस की जांच कर रही है, साथ ही फरार आरोपियों की तलाश में छापेमारी तेज कर दी गई है।
