कॉरपोरेट बैंक खातों में सेंध लगाकर दुबई के जरिए रकम ट्रांसफर करने की साजिश, 10 मोबाइल, लैपटॉप और दो चारपहिया वाहन जब्त
मोतिहारी।
जिले में साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है। साइबर अपराधियों का एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह कथित तौर पर कॉरपोरेट बैंक खातों को निशाना बनाकर करोड़ों रुपये की रकम हड़पने की तैयारी में था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए नौ संदिग्ध आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से 10 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप और दो चारपहिया वाहन बरामद किए गए हैं।
जांच में सामने आया है कि गिरोह के सदस्य अज्ञात बैंककर्मियों से कॉरपोरेट बैंक खातों की जानकारी हासिल करते थे। इन जानकारियों में खाताधारकों का नाम, यूजर आईडी, मोबाइल नंबर और खाते में उपलब्ध बैलेंस शामिल था। इसके बाद आरोपी नेट बैंकिंग में सेंध लगाने के लिए लिंक के जरिए मोबाइल पर ओटीपी भेजते और संबंधित मोबाइल नंबर को हैक कर लेते थे।
ओटीपी हासिल करने के बाद आरोपी नेट बैंकिंग में लॉगिन करते और स्विफ्ट कोड के माध्यम से दुबई में बैठे अपने सहयोगियों के खातों में रकम ट्रांसफर कर देते थे। इसके बाद ट्रांसफर की गई राशि का करीब 30 प्रतिशत हिस्सा काटकर शेष रकम यूएसडीटी (क्रिप्टोकरेंसी) के जरिए अलग-अलग खातों में मंगाई जाती थी। बाद में इस रकम को बेचकर नकदी या अपने बैंक खातों में राशि प्राप्त की जाती थी।
पुलिस की जांच में कैंप सिस्टम प्राइवेट लिमिटेड के बैंक खाते से जुड़ी जानकारी भी सामने आई है। जांच के अनुसार, आरोपियों की नजर इस कंपनी के बैंक खाते पर थी, जिसमें करीब 56 करोड़ रुपये उपलब्ध थे। पुलिस को आशंका है कि आरोपी 12 अक्टूबर 2026 की रात खाते में मौजूद पूरी राशि अपने नियंत्रण वाले खातों में स्थानांतरित करने की योजना बना रहे थे। हालांकि, इस रकम की वास्तविक स्थिति और कथित साजिश में प्रत्येक आरोपी की भूमिका की पुष्टि जांच के बाद ही होगी।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने कई संदिग्ध इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और अन्य सामान जब्त किए। बरामद लैपटॉप से संदिग्ध पोर्टल, बैंकिंग लॉगिन से संबंधित जानकारी और अन्य महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मिलने की बात सामने आई है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों, बैंक खातों और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़े संपर्कों की पड़ताल कर रही है।
गिरफ्तार आरोपियों में आनंद किशोर, अरविंद कुमार, रामनाथ ठाकुर, निरंजन यादव उर्फ नीरज कुमार, मनोरंजन कुमार, संतोष राम उर्फ संतोष कुमार, संदीप कुमार, विजय कुमार और पप्पू जायसवाल शामिल हैं। आरोपियों के पते पूर्वी चंपारण और शिवहर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों से जुड़े बताए गए हैं।
इस मामले में मोतिहारी साइबर थाना में कांड संख्या 153/26 दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस गिरोह के पूरे नेटवर्क, कथित वित्तीय लेनदेन और बरामद डिजिटल साक्ष्यों की जांच में जुटी है।
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