मोतिहारी: शहर की यातायात, सुरक्षा, अतिक्रमण, पार्किंग और प्रदूषण समेत विभिन्न व्यापारिक समस्याओं के समाधान को लेकर सोमवार को होटल रामसन प्लाजा, छोटा बरियारपुर में जिला प्रशासन-व्यवसायी संवाद का आयोजन किया गया। मोतिहारी चैंबर ऑफ कॉमर्स के तत्वावधान में आयोजित संवाद में जिला प्रशासन, पुलिस, नगर निगम और व्यवसायी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। चैंबर की ओर से प्रशासन को 20 सूत्री मांग एवं सुझाव-पत्र सौंपा गया।
यातायात और अतिक्रमण का मुद्दा प्रमुखता से उठा

कार्यक्रम में चैंबर ने शहर में लागू एकतरफा यातायात व्यवस्था की समीक्षा कर उसे प्रभावी बनाने की मांग की। ई-रिक्शा के लिए निर्धारित मार्ग और पड़ाव बनाने, चालकों के लाइसेंस व आवश्यक दस्तावेजों की जांच तथा यातायात नियमों का प्रशिक्षण कराने का सुझाव दिया गया। बाजारों में ठेला और फेरी लगाने वालों के लिए निर्धारित क्षेत्र बनाने तथा प्रमुख यातायात मार्गों को अतिक्रमण से मुक्त रखने की मांग भी रखी गई।
स्कूलों के लिए यातायात प्रबंधन योजना बनाने, स्कूल बसों के लिए निर्धारित चढ़ाने-उतारने के स्थान तय करने और संकरी गलियों में बड़े स्कूल वाहनों के प्रवेश को नियंत्रित करने का सुझाव दिया गया। परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा के दिनों में विशेष यातायात व्यवस्था, पार्किंग स्थल और पर्याप्त यातायात बल की व्यवस्था की मांग भी उठाई गई।
पार्किंग और माल ढुलाई के लिए व्यवस्था की मांग
चैंबर ने प्रमुख बाजारों में दो पहिया और चार पहिया वाहनों के लिए व्यवस्थित पार्किंग की व्यवस्था करने की मांग की। ई-रिक्शा पड़ाव तथा दुकानों तक माल पहुंचाने के लिए माल चढ़ाने और उतारने के निर्धारित स्थान बनाने का सुझाव दिया गया। बलुआ-कचहरी सहित प्रमुख ओवरब्रिज के संपर्क मार्गों का संयुक्त निरीक्षण कर अतिक्रमण और अवैध पार्किंग पर नियंत्रण की मांग की गई।
प्रदूषण और वाहनों की जांच पर भी जोर
परिवर्तित साइलेंसर, तेज हॉर्न और अनावश्यक हॉर्न के इस्तेमाल पर कार्रवाई कर ध्वनि प्रदूषण नियंत्रित करने की मांग की गई। अत्यधिक धुआं छोड़ने वाले वाहनों की जांच के लिए विशेष अभियान चलाने तथा डीजल इंजन से बनाए या संशोधित किए गए वाहनों की संयुक्त जांच कर सुरक्षा और वैधानिक मानकों का पालन सुनिश्चित करने का सुझाव दिया गया।
व्यवसायियों की सुरक्षा और साइबर अपराध का मुद्दा
चैंबर ने प्रमुख बाजारों में सीसीटीवी कैमरों की निगरानी और रखरखाव सुनिश्चित करने, व्यवसायियों की सुरक्षा के लिए रात्रि गश्त बढ़ाने तथा आपातकालीन संपर्क व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की। साइबर पुलिस की ओर से व्यापारियों के लिए साइबर अपराध जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने और ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी से बचाव की जानकारी देने का सुझाव भी दिया गया।
प्रमुख बाजारों में महिला सुरक्षा और शिकायत व्यवस्था को मजबूत करने की मांग के साथ जिला प्रशासन, पुलिस, नगर निगम, यातायात, परिवहन विभाग, विद्यालय प्रतिनिधियों और चैंबर के बीच नियमित समन्वय बैठक आयोजित करने का प्रस्ताव रखा गया।
पूर्व निर्णयों की प्रगति रिपोर्ट देने का सुझाव
चैंबर ने प्रत्येक समन्वय बैठक में पूर्व में लिए गए निर्णयों की कार्रवाई प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने और समस्याओं के समाधान के लिए समयबद्ध कार्ययोजना बनाने का सुझाव दिया। चैंबर का कहना है कि इससे प्रशासन और व्यवसायियों के बीच संवाद को नियमित बनाया जा सकेगा तथा समस्याओं के समाधान की स्थिति की समीक्षा भी होती रहेगी।
प्रशासन ने कार्रवाई का दिया आश्वासन
संवाद के दौरान व्यवसायियों ने विभिन्न समस्याओं को प्रशासन और पुलिस पदाधिकारियों के समक्ष रखा। पदाधिकारियों ने समस्याओं की जानकारी लेते हुए उनके समाधान की दिशा में आवश्यक कार्रवाई और सहयोग का आश्वासन दिया। व्यवसायियों ने भी यातायात और सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने में प्रशासन के साथ समन्वय करने की बात कही।
विभिन्न व्यापारिक संगठनों ने लिया भाग
कार्यक्रम में बलुआ व्यवसायी संघ, पेट्रोलियम एसोसिएशन, स्वर्णकार संघ, प्लाईवुड एसोसिएशन, हिंदी बाजार, मोबाइल एसोसिएशन, केसरिया चैंबर, सगौली चैंबर, रामगढ़वा चैंबर, अरेराज चैंबर और घोड़ासहन चैंबर सहित विभिन्न व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
मोतिहारी चैंबर ऑफ कॉमर्स की ओर से सुधीर अग्रवाल, अनुपम जायसवाल, रविकृष्ण लोहिया, संजय जायसवाल, सुधांशु रंजन, सुधीर गुप्ता, विनय देवकुलियार, मेहुल लाल, हेमंत कुमार, डा. कमलेश कुमार, सुनील कुमार श्रीवास्तव, रोहित शाह, संजीव रंजन कुमार, डा. विवेक गौरव, मनीष कुमार और अनिल बोहरा सहित अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। मंचासीन अतिथियों का चैंबर की ओर से पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र और स्मृति-चिह्न देकर स्वागत किया गया। कार्यक्रम का संचालन संयोजक अंगद सिंह ने किया। महासचिव आलोक कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया। उन्होंने कहा कि चैंबर का उद्देश्य प्रशासन से टकराव नहीं, बल्कि संवाद, सहयोग और समन्वय के माध्यम से सुरक्षित, सुव्यवस्थित और व्यवसाय-अनुकूल मोतिहारी के निर्माण में सहयोग करना है। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।

