रामगढ़वा थाना कांड से जुड़ा मामला; DTO ने पहले सप्ताह में रिपोर्ट दे दी थी, लेकिन MVI का प्रतिवेदन अब तक अटका
मोतिहारी। दुर्घटना में जब्त वाहन की यांत्रिक जांच रिपोर्ट न्यायालय के आदेश के करीब छह माह बाद भी प्रस्तुत न किए जाने पर अनुमंडलीय न्यायालय, रक्सौल ने कड़ा रुख अपनाया है। न्यायालय ने जिला मोटरयान निरीक्षक (MVI), पूर्वी चंपारण को रिमाइंडर नोटिस जारी कर लंबित यांत्रिक जांच प्रतिवेदन शीघ्र अदालत में समर्पित करने का निर्देश दिया है।
यह मामला रामगढ़वा थाना कांड संख्या 179/2025 से जुड़ा है। मामले में हरसिद्धि थाना क्षेत्र के उज्जैन लोहियार निवासी नंदलाल मांझी ने दुर्घटना में जब्त अपनी बाइक की मुक्ति के लिए 9 मार्च 2026 को अनुमंडलीय न्यायालय, रक्सौल में आवेदन दिया था। इस आवेदन पर सुनवाई करते हुए न्यायालय ने जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला मोटरयान निरीक्षक तथा अनुसंधानक से आवश्यक प्रतिवेदन मांगा था।
आदेश मिलने के बाद जिला परिवहन पदाधिकारी ने पहले ही सप्ताह में अपना प्रतिवेदन न्यायालय को भेज दिया था। हालांकि, जिला मोटरयान निरीक्षक की ओर से छह माह बीत जाने के बावजूद संबंधित वाहन की यांत्रिक जांच रिपोर्ट जमा नहीं की गई। इस वजह से वाहन को मुक्त कराने की कानूनी प्रक्रिया अटकी हुई है।
उल्लेखनीय है कि इस कांड में दुर्घटनाग्रस्त दो बाइक जब्त की गई थीं। इनमें से एक बाइक के संबंध में जिला मोटरयान निरीक्षक और अनुसंधानक ने आदेश के प्रथम सप्ताह में ही रिपोर्ट सौंप दी थी, लेकिन दूसरी बाइक की यांत्रिक जांच रिपोर्ट अब तक लंबित रखी गई है। अब न्यायालय द्वारा रिमाइंडर नोटिस जारी किए जाने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि प्रतिवेदन जल्द प्रस्तुत होगा और मामले में आगे की सुनवाई हो सकेगी।

